तेज एक्सप्रेस न्यूज – किरण साहनी
सोनभद्र। रॉबर्ट्सगंज पुलिस ने एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल करते हुए चोरी के मामले का खुलासा कर 900 किलोमीटर दूर मध्य प्रदेश से चोरी का पूरा सामान बरामद कर दिया है। यह घटना 22 से 23 नवंबर की रात की है, जब रॉबर्ट्सगंज के अरिहन्त होटल में एक विवाह समारोह के दौरान लखनऊ निवासी संतोष त्रिपाठी का बैग चोरी हो गया। इस बैग में 75 हजार रुपये नकद और एक मोबाइल फोन था, जो पीड़ित के लिए बहुत महत्वपूर्ण था।अगले दिन पीड़ित ने थाने में चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा ने तत्काल मामले की जांच करने के आदेश दिए। इसी क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार और क्षेत्राधिकारी रणधीर मिश्रा के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम गठित की गई। प्रभारी निरीक्षक के निर्देशन में उपनिरीक्षक महेंद्र यादव, मुख्य आरक्षी चंद्रकिश पांडे और आरक्षी अविनाश ने होटल परिसर व आसपास करीब 50 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज बारीकी से खंगाली।फुटेज में एक संदिग्ध युवक दिखाई दिया, जिसकी पहचान मध्य प्रदेश के राजगढ़ जनपद, थाना गोड़ा क्षेत्र निवासी निखिल के रूप में हुई। इस सुराग के आधार पर पुलिस टीम ने तत्काल行动 करते हुए निखिल के गांव के लिए 900 किलोमीटर की दूरी तय की। वहां स्थानीय पुलिस और गांव के मुखिया के सहयोग से छह दिनों तक लगातार गहन छान-बीन और तलाशी अभियान चला।आखिरकार छापेमारी में निखिल के घर से चोरी किए गए 75 हजार रुपये नकद और मोबाइल फोन बरामद कर लिया गया। हालांकि निखिल अभी फरार है, पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिशें दे रही है और जल्द ही उसे पकड़ने का भरोसा जताया है। 1 दिसंबर को कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद पुलिस ने बरामद चोरी का सामान पीड़ित संतोष त्रिपाठी को सौंप दिया।इस कार्रवाई से रॉबर्ट्सगंज पुलिस ने न सिर्फ अपराधियों के हौसले पस्त किए हैं, बल्कि उनके जालसाजी को भाँप कर 900 किलोमीटर दूर तक कार्रवाई करने की प्रतिबद्धता भी दिखाई है। यह मामला प्रदेश पुलिस के समर्पण एवं तत्परता का उदाहरण बन गया है और इससे स्थानीय लोगों को भी सुरक्षा का भरोसा मिलेगा। पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा ने कहा कि अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा और सभी इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश जारी हैं।इस घटना से यह स्पष्ट हो गया है कि पुलिस किस हद तक सक्रिय और समर्पित होकर अपराध नियंत्रण में कार्य कर रही है, साथ ही यह भी कि तकनीकी साधनों और स्थानीय सहयोग से अपराधियों को हर हाल में पकड़ा जा सकता है। पुलिस टीम ने न केवल चोरी का माल बरामद किया बल्कि मामला तेजी से सुलझाकर अपनी दक्षता का परिचय दिया।इस प्रकार सोनभद्र पुलिस की इस कार्यवाही से क्षेत्र के लोग ना केवल सुरक्षित महसूस कर रहे हैं, बल्कि यह एक मिसाल भी बनी है कि कैसे पुलिस कठिनाइयों के बावजूद अपराधियों को सजा दिलाने में सफल हो सकती है।






