तेज एक्सप्रेस न्यूज – किरण साहनी
डाला/सोनभद्र। जिले के हाथी नाला थाना क्षेत्र में शुक्रवार दोपहर एक बजे सड़क पर खौफनाक हादसा हो गया। थाने से महज 500 मीटर की दूरी पर दो बाइक सवारों की आपसी भिड़ंत इतनी जोरदार थी कि तीनों लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। आश्चर्यजनक बात यह है कि घटना के बाद न तो पीड़ितों ने पुलिस को सूचना दी और न ही थाने को इसकी भनक लगी। राहगीरों ने घायलों को निजी क्लीनिक में भर्ती कराया और फिर आपसी सुलह से सभी घर लौट गए। यह घटना सड़क सुरक्षा और पुलिस निगरानी की पोल खोल रही है।मिली जानकारी के अनुसार, कटौली दुद्धी कोटा गांव निवासी तेजबली पुत्र राधे श्याम अपनी बाइक पर दुद्धी कोटा से घर दुद्धी की ओर जा रहे थे। तेजबली के साथ एक अज्ञात व्यक्ति भी बाइक पर सवार था। विपरीत दिशा से आ रही दूसरी बाइक पर म्योरपुर निवासी जगनरायण पुत्र छोटे लाल सवार था। अचानक दोनों बाइकों की जोरदार टक्कर हो गई, जिससे तेजबली, उनका साथी अज्ञात व्यक्ति और जगनरायण तीनों सड़क पर लहूलुहान गिर पड़े।राहगीरों ने फौरन दौड़कर घायलों को उठाया और नजदीकी निजी क्लीनिक पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद तीनों को छुट्टी दे दी गई। दिलचस्प यह कि दोनों पक्षों ने आपसी बातचीत कर मामला सुलझा लिया और बिना पुलिस के हस्तक्षेप के अपने-अपने घर चले गए। हाथी नाला थाना प्रभारी को इस हादसे की कोई औपचारिक शिकायत या सूचना नहीं मिली है। स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसी छोटी-मोटी दुर्घटनाओं में लोग पुलिस रिपोर्ट टाल देते हैं, जो बाद में बड़े खतरे का कारण बन सकती हैं।यह हादसा सोनभद्र जिले में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं की एक कड़ी जोड़ता है। हाथी नाला जैसे संवेदनशील इलाके में, जहां ट्रैफिक और वाहनों की संख्या दिनबदिन बढ़ रही है, पुलिस गश्त और जागरूकता अभियान की सख्त जरूरत है। जिले में पिछले कुछ महीनों में दर्जनों बाइक हादसे हो चुके हैं, जिनमें लापरवाही और तेज रफ्तार मुख्य कारण रहे। विशेषज्ञों का मानना है कि हेलमेट न पहनना और रोड सेंस की कमी ऐसी घटनाओं को बढ़ावा दे रही है।स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि हाथी नाला थाना के आसपास स्पीड ब्रेकर लगाए जाएं, सीसीटीवी कैमरे किए जाएं और नियमित ट्रैफिक चेकिंग हो। एक राहगीर ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, “यहां रोज सैकड़ों बाइकें गुजरती हैं, लेकिन गश्त कम है। छोटा हादसा बड़ा विस्फोट बन सकता है।” पुलिस Sources के मुताबिक, जिले में सड़क हादसों पर नकेल कसने के लिए विशेष ड्राइव चलाई जा रही है, लेकिन स्थानीय स्तर पर और सतर्कता बरतने की जरूरत है।यह घटना सोनभद्रवासियों के लिए警钟 है। क्या थाने के इतने करीब पुलिस की नजर नहीं पहुंच पाई या लोग ही रिपोर्टिंग से कतरा रहे हैं? जागरूकता ही एकमात्र हथियार है हेलमेट पहनें, स्पीड कंट्रोल करें और हादसे की सूचना जरूर दें।






