तेज एक्सप्रेस न्यूज – किरण साहनी
सोनभद्र
जनपद सोनभद्र में त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों की तैयारियाँ अब निर्णायक चरण में प्रवेश कर चुकी हैं। इसी क्रम में पंचायतों की निर्वाचक नामावली के विस्तृत पुनरीक्षण का कार्य युद्धस्तर पर सम्पन्न कराया जा रहा है। अपर जिलाधिकारी (वि0/रा0) एवं निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी सोनभद्र ने जनपदवासियों को इस संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी देते हुए बताया कि अनंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन 23 दिसंबर 2025 को किया जाएगा।
अनंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन के साथ ही 23 दिसंबर से 30 दिसंबर 2025 तक जनसामान्य को सूची के निःशुल्क निरीक्षण का अवसर प्रदान किया जाएगा। इस अवधि में समस्त बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) अपने-अपने आवंटित मतदान केंद्रों पर मतदाता सूची के साथ उपस्थित रहेंगे, ताकि नागरिक आसानी से अपने नाम एवं विवरण की जांच कर सकें।प्रशासन द्वारा पारदर्शिता और सुविधा को ध्यान में रखते हुए अनंतिम मतदाता सूची की एक-एक प्रति उप जिलाधिकारी/सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी कार्यालय (तहसील परिसर) तथा खंड विकास अधिकारी कार्यालय (विकास खंड मुख्यालय) में भी उपलब्ध कराई गई है। निरीक्षण कार्य को सुचारू रूप से सम्पन्न कराने के लिए तहसील एवं विकास खंड मुख्यालयों पर विशेष रूप से कार्मिकों की तैनाती की गई है।
अपर जिलाधिकारी ने जनपद के समस्त नागरिकों से अपील की है कि वे इस निर्धारित अवधि में स्वयं तथा अपने परिवार के सभी अर्ह सदस्यों के नाम मतदाता सूची में सही एवं त्रुटिरहित दर्ज हैं या नहीं, इसकी अनिवार्य रूप से जांच कर लें। उन्होंने कहा कि यदि किसी प्रकार की त्रुटि, नाम छूटना, विवरण में गलती अथवा किसी अपात्र नाम की प्रविष्टि पाई जाती है, तो उसे तुरंत सुधरवाना प्रत्येक जागरूक नागरिक का दायित्व है।उन्होंने जानकारी दी कि—नया नाम जोड़ने हेतु दावा प्रपत्र-2 के माध्यम से किया जाएगा।नाम, आयु, पता आदि में संशोधन के लिए प्रपत्र-3 निर्धारित है।किसी नाम पर आपत्ति दर्ज कराने के लिए प्रपत्र-4 का प्रयोग किया जाएगा।संबंधित प्रपत्र प्राप्त कर उन्हें विधिवत भरने के पश्चात निरीक्षण के लिए नियुक्त कार्मिक अथवा संबंधित कार्यालय के प्राधिकारी के समक्ष जमा करना होगा, जिसकी रसीद प्राप्त करना अनिवार्य है।अपर जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि त्रुटिरहित निर्वाचक नामावली लोकतंत्र की नींव होती है,और इसका सही व निष्पक्ष रूप से तैयार होना प्रशासन के साथ-साथ प्रत्येक नागरिक के सक्रिय सहयोग पर निर्भर करता है। पंचायत चुनाव में सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए मतदाता सूची का शुद्ध होना अत्यंत आवश्यक है।प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि इस अवसर को गंभीरता से लें, समय रहते जांच कर आवश्यक सुधार कराएं और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत बनाने में अपनी भूमिका ।





