तेज़ एक्सप्रेस न्यूज – किरण साहनी
डाला/चोपन (सोनभद्र)। चोपन थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत पनारी अंतर्गत बगबईसा टोला के समीप रेलवे ट्रैक के पास एक अधेड़ व्यक्ति का शव मिलने से सोमवार की सुबह पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोगों की भारी भीड़ मौके पर जुट गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है तथा मामले की सभी संभावित पहलुओं से पड़ताल की जा रही है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार चोपन-गढ़वा रेलखंड पर सलाईबनवा और गुरमुरा रेलवे स्टेशन के मध्य स्थित ग्राम पंचायत पनारी के टोला बगबईसा के पास रेलवे ट्रैक किनारे एक अधेड़ व्यक्ति का शव पड़ा होने की सूचना ग्रामीणों को मिली। देखते ही देखते यह खबर पूरे इलाके में फैल गई और मौके पर लोगों का जमावड़ा लग गया।
स्थानीय लोगों द्वारा पहचान किए जाने पर मृतक की शिनाख्त दूधनाथ यादव (45 वर्ष) पुत्र रामदास यादव निवासी ग्राम पंचायत पनारी, टोला बगबईसा के रूप में हुई। शव मिलने की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजन और ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए, जहां का दृश्य बेहद मार्मिक था।
बताया जा रहा है कि मृतक बीती रात घर से शौच के लिए निकले थे, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटे। सुबह ग्रामीणों ने रेलवे ट्रैक के पास उनका शव देखा, जिसके बाद परिजनों को सूचना दी गई। शव पर सिर और पैर में गंभीर चोटों के निशान पाए गए हैं। प्रारंभिक तौर पर आशंका जताई जा रही है कि वह किसी ट्रेन की चपेट में आ गए होंगे, हालांकि वास्तविक कारणों का खुलासा जांच के बाद ही हो सकेगा।
घटना की सूचना मिलते ही चोपन थाना पुलिस सक्रिय हो गई। उपनिरीक्षक विनोद यादव पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने आवश्यक साक्ष्य एकत्रित करने के बाद शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया तथा अग्रिम विधिक कार्रवाई शुरू कर दी।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारणों की स्पष्ट जानकारी मिल सकेगी। फिलहाल दुर्घटना सहित सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है। वहीं घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल व्याप्त है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
रेलवे ट्रैक के आसपास लगातार हो रही ऐसी घटनाओं को लेकर ग्रामीणों ने चिंता जताई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि रेलवे लाइन के किनारे सुरक्षा उपायों को और मजबूत किए जाने की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।






