तेज़ एक्सप्रेस न्यूज़ – इब्राहिम खान
धनतेरस पर भी महंगाई का असर, बाजारों में भीड़ पर खरीददारी अपेक्षाकृत कम
दुद्धी/सोनभद्र। मंगलवार को धनतेरस के अवसर पर बाजारों में भीड़ दिखी लेकिन महंगाई के कारण मनचाही खरीददारी से लोग बचते नजर आए। खासकर बर्तन एवं सोना-चांदी की दुकानों पर भीड़ रही परन्तु अपेक्षाकृत खरीददारी कम हुई। दुद्धी कस्बे सहित अमवार,महुली सहित अन्य ग्रामीण बाजारों में भी धनतेरस पर भीड़ देखी गई।कोरोना महामारी से धीरे धीरे उबरने के बाद लोगों को महंगाई का सामना करना पड़ रहा है इसलिए इस बार धनतेरस पर खास रंगत नही देखी गई।
धनतेरस को लेकर दुकानों पर सामानों को देखने-खरीदने के लिए दिनभर लोगों की भीड़ उमड़ी रही। दीप स्टैंड, धूपदानी, घंटियां, तांबा, कांसा, स्टील, पीतल के बर्तन के साथ-साथ छठ के लिए सूप, दौरा आदि सामानों की लोगों ने खूब खरीदारी की। वहीं, चांदी के सिक्के व सोने-चांदी के आभूषण के साथ-साथ कपड़े के दुकानों पर धनतेरस की विशेष रौनक दिखाई दी। ग्राहकों ने बताया कि महंगाई का असर खाद्य पदार्थों से लेकर पटाखे, मोमबत्ती और पूजन सामग्री में भी दिख रही है। इनकी कीमतें आसमान छू रही हैं। दूसरी ओर पटाखा दुकानदारों की अपनी ही समस्या है। पटाखों के दामों में लगातार बढ़ोतरी के चलते उन्हें सामान ऊंची कीमतों में मिल रहा है, जिसका बोझ ग्राहकों की जेब पर पड़ रहा है। एक तरफ प्रशासनिक प्रतिबंध के कारण पटाखा उद्योग पर ग्रहण लगा हुआ है। धनतेरस पर पकवानों की महक भी फीकी पड़ सकती है क्योंकि सरसों तेल की कीमतों ने गृहणियों के माथे पर चिता की लकीर खींच दी है। दुकानदारों ने मोमबत्ती की कीमतों में 50 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की बात कह रहे हैं। इसलिए इस बार लोग महंगे पटाखे खरीदना नहीं चाहते हैं। किसी तरह पर्व मनाने के लिए बच्चों को समझा-बुझा रहे हैं।हालांकि बाजारों में देर शाम तक खरीददारी का दौर चलता रहा और लोग अपनी बजट के हिसाब से सामानों की खरीददारी करते रहे।






